यूँ घूमो मत
इधर उधर
किसी का ध्यान
भंग कर रही है
आप के पैरों की आहट,
क्या ?
मैं तो चुपचाप बैठा हूँ
कुछ कह नहीं रहा ,
नहीं ...
तुम्हारा चुपचाप बैठना
अनुमति दे रहा है
तुम्हारे मस्तिष्क को
मेरी लीची तक पहुँचने
और फिर उसे खाने की ,
तो तुम मुझे दे क्यूँ नहीं देते
कुछ लीची के फल
ले सकते हो
आम जितने भी चाहिए ,
देखो मैं तुम्हे निराश नहीं करता
यदि
बात केवल
पेट की होती /
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